आगामी चुनावों में दिल्ली के अधिवक्ता निभा सकते हैं बड़ी भूमिका : बलदेव राज सूद
Swabhiman Party in Delhi : स्वाभिमान पार्टी ने देश की राजधानी दिल्ली में मौजूद अधिवक्ताओं से संपर्क साधना शुरू कर दिया है। इसके पीछे अधिवक्ताओं का सहयोग पाना एक बड़ा कारण बताया जा रहा है। इसी क्रम में स्वाभिमान पार्टी के पदाधिकारियों ने साकेत कोर्ट में वरिष्ठ अधिवक्ता एवं समाजसेवी एडवोकेट विरेंद्र सिंह से भी मुलाकात की।
स्वाभिमान पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बलदेव राज सूद ने एडवोकेट विरेंद्र सिंह से मिलकर दिल्ली में संगठन को सशक्त बनाने और अधिक से अधिक अधिवक्ताओं को पार्टी की विचारधारा से जोड़ने का आग्रह भी किया। मुलाकात के बाद उन्होंने इस वार्ता को सकारात्मक करार दिया।
Swabhiman Party Delhi Activities
अधिवक्ताओं का सहयोग साबित होगा मील का पत्थर
वार्ता के बाद Swabhiman Party के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बलदेव राज सूद ने कहा कि दिल्ली में अधिवक्ताओं का सहयोग मिलना पार्टी और संगठन के लिए मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने कहा कि स्वाभिमान पार्टी की विचारधारा और कार्यशैली को देखते हुए अधिवक्ताओं की ओर से सहयोग की पूरी उम्मीद है।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में न्यायपालिका एक महत्वपूर्ण स्तंभ है और इसमें अधिवक्ताओं की बड़ी भूमिका होती है। इसलिए देश और समाज के साथ ही एक स्वस्थ लोकतंत्र के लिए अधिवक्ताओं की भूमिका को नकारा नहीं जा सकता।
Swabhiman Party Meeting
प्रशंसनीय है स्वाभिमान पार्टी की विचारधारा
इस मुलाकात के दौरान एडवोकेट विरेंद्र सिंह ने Swabhiman Party के पदाधिकारियों को अपनी ओर से हर संभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि स्वाभिमान पार्टी की विचारधारा हर दृष्टि से प्रशंसनीय है।
उन्होंने कहा कि प्रकृति केंद्रित विकास और भ्रष्टाचार मुक्त राजनीति की स्थापना के लिए स्वाभिमान पार्टी ने जो रूपरेखा तैयार की है, उसे लागू करके देश और समाज को एक नई दिशा दी जा सकती है। उन्होंने कहा कि वे अधिवक्ताओं की ओर से भी स्वाभिमान पार्टी को भरपूर सहयोग दिलाने का प्रयास करेंगे।
एडवोकेट विरेंद्र सिंह के साथ इस वार्ता के दौरान Swabhiman Party के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बलदेव राज सूद, दिल्ली के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रकांत गुप्ता और दिल्ली प्रदेश के कार्यकारी अध्यक्ष डॉ. विवेक आनंद पाठक मौजूद थे।
यह भी पढ़ें: प्रकृति केंद्रित विकास पर स्वाभिमान पार्टी का सिद्धांत